लखीमपुर हिंसा: राहुल गांधी बोले-भारत में अब तानाशाही, किसानों पर सुनियोजित हमला

नई दिल्ली। लखीमपुर खीरी हिंसा में आठ लोगों की मौत के बाद सियासी पारा गरमाया हुआ है। विपक्ष के नेता लगातार लखीमपुर खीरी पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं। हालांकि उन्हें इसकी इजाजत नहीं दी जा रही है।

कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने आज छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और पंजाब के मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के साथ लखीमपुर जाने का ऐलान किया है। लेकिन, उनको इजाजत नहीं दी गई। उत्तर प्रदेश रवाना होने से पहले राहुल गांधी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में योगी सरकार पर कटाक्ष किया।

उन्होंने कहा कि प्रियंका को गिरफ्तार किया गया है। लेकिन, यह किसानों से जुड़ा मामला है। किसानों को जीप से कुचला जा रहा है, उनकी हत्या की जा रही है। इस घटना में एक केंद्रीय मंत्री और उनके बेटे का नाम सामने आ रहा है। प्रधानमंत्री लखनऊ गए। लेकिन, लखीमपुर खीरी नहीं गए। यह किसानों पर सुनियोजित हमला है।

राहुल गांधी ने पत्रकारों से कहा कि इस मुद्दे को उठाने की आपकी जिम्मेदारी है। लेकिन, जब हम सवाल पूछते हैं, इस मुद्दे को उठाते हैं, तो आप कहते हैं कि हम राजनीति कर रहे हैं। उन्होंने राजनीति करने के सवाल का जवाब देते हुए कहा कि हमारा काम सरकार पर प्रेशर बनाना है। हाथरस में हमने प्रेशर बनाया तब कार्रवाई हुई। अगर हाथरस में हम ना जाते तो अपराधी बचकर निकल जाते। सरकार इस मुद्दे पर हमको दूर रखना चाहती है ताकि प्रेशर ना बनाया जा सके।

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राहुल गांधी ने कहा कि पहले भारत में लोकतंत्र हुआ करता था। लेकिन, अब यहां तानाशाही है। केवल कांग्रेस नेता उत्तर प्रदेश में नहीं जा सकते, उन्हें रोका जा रहा है। उन्होंने कहा कि हमारे मुख्यमंत्री को भी यूपी नहीं जाने दिया जा रहा है।

वहीं लखनऊ के पुलिस आयुक्त ने कहा है कि सरकार ने राहुल गांधी को अनुमति देने से इनकार कर दिया है। अगर वह लखनऊ आते हैं, तो हम उनसे हवाई अड्डे पर लखीमपुर खीरी और सीतापुर नहीं जाने का अनुरोध करेंगे। लखीमपुर और सीतापुर के पुलिस अधीक्षक और जिलाधिकारी ने हमें कानून-व्यवस्था की स्थिति के मद्देनजर उन्हें आने से रोकने का आग्रह किया है।