Homeदेशभाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी में इन नेताओं को इसलिए नहीं मिली जगह

भाजपा की राष्ट्रीय कार्यकारिणी में इन नेताओं को इसलिए नहीं मिली जगह

नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी ने नवरात्रि के पहले दिन अपनी नई 80 सदस्यीय राष्ट्रीय कार्यकारिणी की घोषणा की। इसमें वरिष्ठ नेताओं को एक बार फिर जगह मिली तो कुछ चर्चित चेहरे बाहर करते हुए स्पष्ट सन्देश दिया गया है कि पार्टी लाइन से बाहर जाकर बात करने वालों के साथ नरमी नहीं बरती जाएगी।

इनमें दो बड़े नाम वरुण गांधी और उनकी मां मेनका गांधी का है। वरुण गांधी किसानों के मुद्दे पर पार्टी पर लगातार दबाव बनाये हुए थे। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर गन्ने का समर्थन मूल्य बढ़ाने की भी अपील की थी। वहीं लखीमपुर हिंसा प्रकरण में उन्होंने वीडियो शेयर कर सीधे तौर पर पार्टी से जुड़े लोगों पर ही सवाल उठाये और दोषियों की गिरफ्तारी की मांग की। वरुण पहले भी कई बार पार्टी लाइन से इतर अपनी बात सार्वजनिक मंचों पर कहते आये हैं।

इसी तरह उनकी मां मेनका गांधी मोदी सरकार के पहले कार्यकाल में मंत्री रह चुकी हैं। लेकिन, दूसरे कार्यकाल में उन्हें अभी तक जगह नहीं मिली। वरिष्ठ नेता होने के बावजूद पूर्व में दिये बयानों के कारण उन्हें मंत्रिमंडल में जगह नहीं मिली और अब राष्ट्रीय कार्यकारिणी में भी स्थान नहीं दिया गया। इसी तरह पार्टी लाइन से इतर अपने बयानों के लिए चर्चित रहने वाले सुब्रह्मण्यम स्वामी भी सूची से बाहर हैं। वहीं विनय कटियार का नाम राष्ट्रीय कार्यकारिणी की सूची से बाहर है। वे बजरंग दल के बड़े नेता रहे हैं। राम मंदिर आन्दोलन का बड़ा चेहरा रहने के बावजूद अब उन्हें राष्ट्रीय कार्यकारिणी में जगह नहीं मिलना चर्चाओं में है।

राष्ट्रीय कार्यकारिणी में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, लाल कृष्ण आडवाणी, डॉ. मुरली मनोहर जोशी, राजनाथ सिंह, अमित शाह, नितिन गडकरी, पीयूष गोयल, किरेन रिजीजू, मनोज तिवारी समेत 80 सदस्य शामिल हैं। इनके अलावा कार्यसमिति में 50 विशेष आमंत्रित सदस्य और 179 स्थायी आमंत्रित सदस्य (पदेन) भी होंगे, जिनमें मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री, विधायक दल के नेता, पूर्व उपमुख्यमंत्री, राष्ट्रीय प्रवक्ता, राष्ट्रीय मोर्चा अध्यक्ष, प्रदेश प्रभारी, सह प्रभारी, प्रदेश अध्यक्ष, प्रदेश महामंत्री संगठन और संगठक शामिल हैं।

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हर्षवर्धन, रविशंकर प्रसाद और प्रकाश जावड़ेकर जैसे पूर्व केन्द्रीय मंत्री भी राष्ट्रीय कार्यकारिणी के सदस्य बने हुए हैं। हाल ही में कैबिनेट में शामिल किए गए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव, मीनाक्षी लेखी, मनसुख मंडाविया और ज्योतिरादित्य सिंधिया को राष्ट्रीय कार्यकारिणी में शामिल किया गया है। मिथुन चक्रवर्ती को भी इसमें जगह दी गई है। उत्तराखण्ड से सतपाल महाराज, विजय बहुगुणा जैसे बड़े नाम भी शामिल हैं। योगी आदित्यनाथ सरकार में कैबिनेट मंत्री ब्रजेश पाठक व स्वामी प्रसाद मौर्य को कार्यकारिणी में पहली बार शामिल किया गया है।

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